The Rabbit House Movie Review: जानिये कम बजट फिल्म ,द रैबिट हाउस के 16 दरवाज़ों का रहस्य

Written by: Amir khan
Publish On: September 21, 2025 1:23 PM (IST)
The Rabbit House Movie Review hindi

घरेलू हिंसा पर बनी फिल्में हमें पहले भी बहुत सी देखने को मिली हैं। इनमें से कुछ फिल्मों ने बहुत अच्छे से सामाजिक मुद्दे को बेहतरीन ढंग से उजागर किया है। इसी तरह की छोटे बजट में बनाई गई एक फिल्म रैबिट हाउस रिलीज कर दी गई है। 2 घंटे 15 मिनट की यह फिल्म क्या आपके समय को डिजर्व करती है, आइए करते हैं फिल्म का फुल रिव्यू।

यह एक मिस्ट्री से भरी हुई थ्रिलिंग फिल्म है, कहानी श्रीकांत और कोमल नाम के कपल के इर्द-गिर्द घूमती है, जो नई शादी के बाद हनीमून मनाने के लिए हिमाचल जाते हैं। अब यह दोनों हिमाचल प्रदेश में पहुंचकर द रैबिट हाउस नाम के घर में ठहरते हैं।

जो कि एक मिस्टीरियस हाउस है। इस घर में 16 दरवाजे हैं, घर के मालिक का बेटा मोहित यहां की देखभाल करता है। फिर अचानक से एक दिन कोमल गायब हो जाती है। जहां से कहानी एक नया मोड़ ले लेती है और जब काफी ढूंढने के बाद भी वह नहीं मिलती है।

तब इस पर इन्वेस्टिगेशन शुरू होती है, और इस इन्वेस्टिगेशन में इस रैबिट हाउस के बहुत सारे गहरे चौंका देने वाले राज हमारे सामने खुलते हैं।

अब क्या इसकी पत्नी मिलेगी या नहीं, क्या वह जिंदा है या मर गई, यह सब जानने के लिए आपको ये फिल्म देखनी होगी।

फिल्म के पॉजिटिव प्वाइंट

रैबिट हाउस में घरेलू हिंसा को बहुत ही बारीकी से दिखाया गया है। श्रीकांत को एक अलग तरह की मानसिक बीमारी से जोड़ा हुआ दिखाया गया है, जिस कारण वह बात-बात पर अपनी पत्नी को मारता है, बात-बात पर चिल्लाता है, गुस्सा करता है। इस फिल्म के माध्यम से यह जानने को भी मिलता है कि बहुत सारे लोग जो बाहर कुछ और दिखाने की कोशिश करते हैं और अंदर से होते कुछ और हैं।

यह पूरी फिल्म सस्पेंस और थ्रिलर से भरपूर है, जो आपको पूरी तरह से बांधकर रखती है। शायद आप बहुत कम एक्सपेक्टेशन के साथ इस फिल्म को देखेंगे, पर यहां आपको एक हाई एक्सपेक्टेशंस वाली फिल्म देखने को मिलती है। फिल्म का कम बजट होने के बाद भी ऐसा नहीं लगता कि यह एक कम बजट फिल्म है। वैभव कुलकर्णी की कहानी में वह दम है कि यह आपको पूरी फिल्म से जोड़कर रखता है।

जिस तरह से रैबिट हाउस के रहस्य को दिखाया गया है, आप उसमें इस तरह से उलझ जाएंगे कि आपकी समझ में नहीं आएगा कि आखिर यह सब क्यों और कैसे हो रहा है।

नेगेटिव पॉइंट

फिल्म का बजट कम है, जो आपको यह फिल्म देखकर ही पता लगेगा, यही वजह है कि वीएफएक्स कुछ खास नहीं हैं। फिल्म के मेन लीड को छोड़कर बाकियों की एक्टिंग कुछ खास नहीं है। बीजीएम को थोड़ा और सुधारा जा सकता था।

निष्कर्ष

अगर आप सस्पेंस थ्रिलर फिल्में देखने का शौक रखते हैं, तब आप इस फिल्म को सिनेमाघर में जाकर देख सकते हैं। कहानी में किसी भी प्रकार के एडल्ट न्यूडिटी सीन नहीं दर्शाए गए हैं। तब आप इसे अपनी फैमिली के साथ भी बैठकर देख सकते हैं। करिश्मा और श्रीकांत ने अपने कैरेक्टर को बहुत अच्छे ढंग से पर्दे पर उतारा है। जो देखना काफी दिलचस्प रहेगा। फिल्मी ड्रिप की तरफ से इस फिल्म को दिए जाते हैं पांच में से तीन स्टार।

READ MORE

Midnight at the Pera Palace:टाइम ट्रैवल में फंसे 2 कपल्स, हैरी पॉटर जैसी फिल्मों के शौकीन बिल्कुल भी मिस ना करें यह तुर्किश सीरीज

Thukra Ke Mera Pyaar Season 2 कन्फर्म रिलीज़ डेट

Gunaah Season 2 Review: गुनाह सीज़न 2 एपिसोड 1 से 8 रिव्यू

Author

  • amir khan

    I'm Aamir Khan, a writer for moviereviewindia and a total cinema fanatic. I absolutely love the glitz of Bollywood, the stories behind the films, and the magic of the stars. In my articles, I bring you the latest movie reviews, entertainment news, and fun in-depth analysis. Whether it's a blockbuster hit or the journey of rising stars, I always strive to make every piece engaging and authentic. At moviereviewindia, my goal is to keep fellow cinema lovers connected to the world of entertainment. Read my articles and join the exciting ride through Bollywood!

    View all posts

Also Read

Leave a Comment