जब एक सीधा-साधा पड़ोसी भी निकले एक खतरनाक इंसान, तब क्या करेंगे आप? वैसी ही कुछ कहानी के साथ डायरेक्टर मैक जिथिन (Mc Jithin) एक नई फिल्म लेकर आए हैं, जिसका नाम सूक्ष्मदर्शिनी (Sookshmadarshini) है, जो कि सस्पेंस और थ्रिलर से भरी हुई है।
इस फिल्म के मुख्य किरदार बेसिल जोसेफ (Basil Joseph), नज़रिया नाज़िम (Nazriya Nazim) हैं, साथ ही दीपक परम्बोल, हेज़ा माहक, मेरिन फिलिप, अखिला भार्गवन, पूजा मोहनराज, मनोहरी जॉय भी नज़र आएंगे। फिल्म की लंबाई दो घंटे 22 मिनट है, जिसके जॉनर की बात करें तो यह थ्रिलर की कैटेगरी में आता है।
कहानी
फिल्म की कहानी की बात करें तो यह एक गांव के इलाके की है, जहां कुछ परिवार साथ रहते हैं और उनके बीच आपस में काफी मेल-मिलाप भी देखने को मिलता है। बात करें उन परिवारों की, तो एक मुख्य परिवार में एंटनी और उसकी पत्नी प्रदर्शिनी देखने को मिलते हैं।
जहां एंटनी एक प्राइवेट जॉब करता है, तो वहीं दूसरी तरफ प्रदर्शिनी नौकरी की तलाश में है। उनकी एक बेटी है, जिसका नाम कानी है। दूसरी तरफ उनके पड़ोसी सूलु, अस्मा और स्टेफी हैं, जिनका एक व्हाट्सएप ग्रुप भी है, जहां वे सब आपस में मिलकर खूब चर्चाएं करते हैं।
लेकिन कहानी में ट्विस्ट तब आता है, जब उनके पड़ोस में एक नई फैमिली रहने आती है, जो कि काफी समय से विदेश में रहते थे और अब अपने पुराने घर में रहने के लिए वापस आए हैं, जिसमें बेटा मैनुअल और उसकी मां ग्रेसी शामिल हैं।
जहां एक ओर मैनुअल ज्यादातर अपनी बीमार मां की सेवा करते हुए दिखाई देता है और साथ ही पड़ोसियों के साथ भी अच्छा व्यवहार करता है, वहीं दूसरी तरफ मैनुअल की मां ग्रेसी बहुत कम नज़र आती है और उसकी उम्र काफी अधिक है, जिसकी वजह से वह ज्यादातर बीमार रहती है और अपने घर पर ही वक्त बिताती है।
कुछ दिन ऐसे ही गुजरते हैं, फिर अचानक प्रदर्शिनी को मैनुअल पर शक होने लगता है। उसे मैनुअल की हरकतें कुछ असामान्य-सी लगती हैं, क्योंकि मैनुअल अपनी मां ग्रेसी को जितना बीमार दिखाने की कोशिश करता था, वह उतनी भी बीमार नहीं है। इसलिए प्रदर्शिनी मैनुअल पर नज़र रखने लगती है, क्योंकि उसे लगता है कि मैनुअल बहुत कुछ छुपा रहा है और जैसा वह दिख रहा है, वैसा है नहीं।
जिसके बाद धीरे-धीरे बहुत-सी असामान्य चीजें सामने आने लगती हैं, जिसे देखकर सभी लोग दंग रह जाते हैं। अब क्या है मैनुअल का सच, जो आपको अंदर तक झकझोर के रख देगा? यह सब जानने के लिए आपको फिल्म देखने जाना होगा, जो कि 22 सितंबर 2025 को आपके नज़दीकी सिनेमाघरों में रिलीज़ हो चुकी है।
पॉजिटिव पॉइंट
हर किसी फिल्म में कुछ पॉजिटिव पॉइंट होते हैं, तो कुछ निगेटिव। यहां पर हम फिल्म के पॉजिटिव पॉइंट के बारे में पहले बात कर लेते हैं। बात करें फिल्म के पॉजिटिव पॉइंट्स की, तो फिल्म काफी ज्यादा अच्छे से दर्शाई गई है, क्योंकि एक छोटे से कस्बे के इलाके की पटकथा को इस तरह से दर्शाया गया है।
कि आप उसे रिलेटेबल फील करेंगे। वही बैकग्राउंड म्यूजिक काफी ज्यादा लाउड है, लेकिन फिर भी प्रभावशाली है और आपको एक बेहतरीन थ्रिलिंग फिल्म देखने का एक्सपीरियंस प्रदान करता है। फिल्म के किरदारों का चयन सूझबूझ से किया गया है, जो कि अपने-अपने किरदार में बिल्कुल फिट बैठते हैं और जिस तरह से स्टोरी में सस्पेंस डाला गया है, वह भी काफी सराहनीय है।
निगेटिव पॉइंट
बात करें फिल्म के निगेटिव पॉइंट की, तो कुछ ज्यादा निगेटिव पॉइंट नज़र नहीं आते। फिर भी कुछ ऐसे पॉइंट्स हैं, जो इस फिल्म को कमज़ोर करते हैं, जैसे फिल्म में दिखाया गया मैनुअल का किरदार कुछ घिसा-पिटा सा दिखाया गया है, जो बाकी कई फिल्मों में देखा गया है। वहीं ग्रेसी के किरदार को भी बहुत सिंपल दिखाया गया है, जिसे मेकर्स और भी ज्यादा उभार सकते थे, जो फिल्म को और ज्यादा आकर्षक बनाता।
निष्कर्ष
अगर आप अपना वीकेंड अच्छे से इंजॉय करना चाहते हैं और प्लान बना रहे हैं थिएटर तक जाने का, तो यह फिल्म आपके लिए एक बेस्ट ऑप्शन के रूप में निकलकर सामने आती है, जिसे आप बिल्कुल भी मिस न करें। फिल्म में बॉलीवुड इंडस्ट्री की मूवी ‘दृश्यम’ के लेवल का सस्पेंस दिखाया गया है, जिसमें अजय देवगन नज़र आए थे। ठीक उसी तरह का थ्रिलिंग एक्सपीरियंस सूक्ष्मदर्शिनी फिल्म में देखने को मिलने वाला है।
फिल्मी ड्रिप की ओर से इस फिल्म को दिए जाते हैं 4/5 ⭐⭐⭐⭐।
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